नयी दिल्ली: निर्वाचन आयोग के अधिकारियों को कथित तौर पर रिश्वत देने की कोशिश करने के मामले में दिल्ली पुलिस ने अन्नाद्रमुक (अम्मा) गुट के नेता टी टी वी दिनाकरन को चार दिन तक चली पूछताछ के बाद मंगलवार (25 अप्रैल) रात गिरफ्तार कर लिया. दिनाकरन पर पार्टी के चुनाव चिन्ह ‘दो पत्ती’ के अपने धड़े के पास बरकरार रखने के लिये आयोग के अफसरों को घूस देने की कोशिश करने का आरोप है.
संयुक्त पुलिस आयुक्त (अपराध) प्रवीर रंजन ने बताया कि दिनाकरन शाम पांच बजे चाणक्यपुरी में अपराध शाखा के इंटर स्टेट दफ्तर में पूछताछ के लिये पेश हुए. करीब छह घंटे तक चली पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया.
उन्होंने कहा कि दिनाकरन के लंबे समय से दोस्त रहे मल्लिकाजरुन को भी दो दिन तक चली पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया गया.
पुलिस ने कहा कि निर्वाचन अधिकारी को घूस देने की कोशिश करने के मामले में बिचौलिये सुकेश चंद्रशेखर की गिरफ्तारी के बाद से मल्लिकाजरुन हर जगह दिनाकरन के साथ जाता था.
सूत्रों के मुताबिक दिनाकरन का निजी सचिव जनार्दन मामले में गवाह बनने के लिये तैयार हो गया है.
दिनाकरन ने सोमवार (24 अप्रैल) को कबूल किया था कि उसने चंद्रशेखर से मुलाकात की थी और वह समझता था कि चंद्रशेखर उच्च न्यायालय का न्यायाधीश है. उन्होंने हालांकि पार्टी के चुनाव चिन्ह को बरकरार रखने के लिये बिचौलिये को पैसे देने की बात से इनकार किया.
दिनाकरन विवादित अन्नाद्रमुक नेता चंद्रशेखर की गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियों के रडार पर आये. दिनाकरन का कहना था कि उन्होंने चंद्रशेखर से कभी मुलाकात नहीं की.
source zee news

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